Aurangabad-train-accident

महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले (Aurangabad Train Accident) में शुक्रवार सुबह एक मालगाड़ी की चपेट में आने के बाद 16 प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई। जालना से भुसावल की ओर पैदल जा रहे मजदूर मध्यप्रदेश लौट रहे थे। मजदूर रेल की पटरियों के किनारे चलकर अपने गंतव्य तक जा रहे थे और थकान के कारण पटरियों पर ही सो गए थे। पुलिस अधिकारी ने बताया कि ट्रेन ने सुबह सवा पांच बजे उन्हें कुचल दिया।

पैदल मध्यप्रदेश जा रहे थे मजदूर

सभी मजदूर मध्यप्रदेश के थे और जालना में स्टील कंपनी में काम करते थे। औरंगाबाद से ट्रेन मिलने की उम्मीद में जालना से औरंगाबाद जा रहे थे। घटना पर रेल मंत्रालय ने कहा, ‘आज सुबह कुछ मजदूरों को ट्रैक पर देखकर मालगाड़ी के लोको पायलट ने ट्रेन को रोकने की कोशिश की लेकिन उन्हें परभणी-मनमाड सेक्शन के बदनपुर और कर्माड स्टेशनों के बीच उन्हें टक्कर लग गई। घायलों को औरंगाबाद सिविस अस्पताल ले जाया गया है। जांच के आदेश दे दिए गए हैं।’

वहीं घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जताया है। उन्होंने लिखा, ‘महाराष्ट्र के औरंगाबाद में रेल हादसे में जानमाल के नुकसान से बेहद दुखी हूं। मैंने रेल मंत्री पीयूष गोयल से बात की है और वह करीब से स्थिति पर नजर रख रहे हैं। आवश्यक हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है।’

शिवराज सरकार ने की मुआवजे की घोषणा

वही हादसे पर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री ने शोक व्यक्त किया है उन्होंने कहा कि “औरंगाबाद में हुए रेल हादसे से हृदय पर ऐसा कुठाराघात हुआ है की मैं उसे शब्दों में व्यक्त नहीं कर सकता! संवेदना से मन भर जाता है…मैंने रेल मंत्री श्री PiyushGoyal जी से बात की है और उनसे त्वरित जाँच और उचित व्यवस्था की माँग की है।”

“उसके अलावा प्रदेश सरकार की तरफ़ से हर एक मृतक श्रमिक के परिजनों को पाँच लाख दिए जाएँगे, और घायलों के इलाज की पूरी व्यवस्था की जाएगी।”

“मैं विशेष विमान से उच्च अधिकारियों की एक टीम भेज रहा हूँ, जो वहाँ पर मृतकों के अंतिम संस्कार की व्यवस्था करेगी और घायलों को हर सम्भव मदद करेगी।”

पुलिस अधिकारी संतोष खेतमलास ने बताया, ‘जालना में एक इस्पात फैक्ट्री में काम करने वाले मजदूर गत रात पैदल ही अपने गृह राज्य की ओर निकल पड़े थे। वे करमाड तक आए और थककर पटरियों पर सो गए।’ उन्होंने बताया कि इस हादसे में 14 मजूदरों की मौत हो गई जबकि दो अन्य घायल हो गए। इस समूह के साथ चल रहे तीन मजदूर जीवित बच गए क्योंकि वे रेल की पटरियों पर सो रहे थे।

दक्षिण मध्य रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी का कहना है कि यह हादसा औरंगाबाद के कर्माड के पास हुआ है। मालगाड़ी का एक खाली डिब्बा कुछ लोगों के ऊपर चढ़ गया। कोरोना वायरस की वजह से देशभर में जारी लॉकडाउन के कारण देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूर पैदल ही अपने घर जा रहे हैं। ऐसे में रात में रुकने के लिए वे रेलवे ट्रैक का सहारा लेकर सो रहे हैं।

इसी तरह की खबरों के लिए जुड़िए हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *